धर्मसाधन

पंचांग — 14 अक्टूबर 2026

स्थान: Columbus (स्वतः) ·

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वारबुधवार
तिथिशुक्ल पक्ष चतुर्थी — 15:45 तक
फिर शुक्ल पक्ष पंचमी
नक्षत्रअनुराधा — 18:34 तक
फिर ज्येष्ठा
योगआयुष्मान — 11:09 तक
फिर सौभाग्य
करणविष्टि (भद्रा) — 15:45 तक
फिर बव
सूर्योदय07:41
सूर्यास्त18:54
राहु काल13:17–14:42
अभिजित मुहूर्त12:55–13:40

ग्रह स्थिति (सूर्योदय के समय, निरयन)

ग्रहराशिअंशनक्षत्र (पद)
सूर्यकन्या26°55′चित्रा (2)
चंद्रवृश्चिक11°11′अनुराधा (3)
मंगलकर्क15°07′पुष्य (4)
बुधतुला21°48′विशाखा (1)
गुरुकर्क27°39′आश्लेषा (4)
शुक्रतुला11°48′स्वाति (2)वक्री
शनिमीन16°22′उत्तराभाद्रपद (4)वक्री
राहुकुंभ2°46′धनिष्ठा (3)वक्री
केतुसिंह2°46′मघा (1)वक्री

चौघड़िया

दिन

07:41–09:05लाभशुभ
09:05–10:29अमृतशुभ
10:29–11:53कालअशुभ
11:53–13:17शुभशुभ
13:17–14:42रोगअशुभ
14:42–16:06उद्वेगअशुभ
16:06–17:30चरसामान्य
17:30–18:54लाभशुभ

रात

18:54–20:30उद्वेगअशुभ
20:30–22:06चरसामान्य
22:06–23:42लाभशुभ
23:42–01:18अमृतशुभ
01:18–02:54कालअशुभ
02:54–04:30शुभशुभ
04:30–06:06रोगअशुभ
06:06–07:42उद्वेगअशुभ

गणना खगोलीय सूत्रों से की गई है (लाहिरी अयनांश, मध्यम राहु)। तिथि, नक्षत्र आदि सूर्योदय के समय के हैं। समय में 1–4 मिनट का अंतर हो सकता है। व्रत या त्योहार की निर्णायक तिथि के लिए अपने पंडित जी या प्रकाशित पंचांग से मिलान करें।