धर्मसाधन

पंचांग — 17 अप्रैल 2026

स्थान: Columbus (स्वतः) ·

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वारशुक्रवार
तिथिकृष्ण पक्ष अमावस्या — 07:54 तक
फिर शुक्ल पक्ष प्रतिपदा
नक्षत्रअश्विनी — 00:13 (अगले दिन) तक
फिर भरणी
योगविष्कंभ — 18:15 तक
फिर प्रीति
करणनाग — 07:54 तक
फिर किंस्तुघ्न
सूर्योदय06:50
सूर्यास्त20:12
राहु काल11:51–13:31
अभिजित मुहूर्त13:04–13:58

ग्रह स्थिति (सूर्योदय के समय, निरयन)

ग्रहराशिअंशनक्षत्र (पद)
सूर्यमेष3°13′अश्विनी (1)
चंद्रमेष2°37′अश्विनी (1)
मंगलमीन11°42′उत्तराभाद्रपद (3)
बुधमीन9°07′उत्तराभाद्रपद (2)
गुरुमिथुन23°00′पुनर्वसु (1)
शुक्रमेष27°36′कृत्तिका (1)
शनिमीन13°25′उत्तराभाद्रपद (4)
राहुकुंभ12°18′शतभिषा (2)वक्री
केतुसिंह12°18′मघा (4)वक्री

चौघड़िया

दिन

06:50–08:30चरसामान्य
08:30–10:11लाभशुभ
10:11–11:51अमृतशुभ
11:51–13:31कालअशुभ
13:31–15:11शुभशुभ
15:11–16:51रोगअशुभ
16:51–18:32उद्वेगअशुभ
18:32–20:12चरसामान्य

रात

20:12–21:31रोगअशुभ
21:31–22:51उद्वेगअशुभ
22:51–00:11चरसामान्य
00:11–01:30लाभशुभ
01:30–02:50अमृतशुभ
02:50–04:10कालअशुभ
04:10–05:29शुभशुभ
05:29–06:49रोगअशुभ

गणना खगोलीय सूत्रों से की गई है (लाहिरी अयनांश, मध्यम राहु)। तिथि, नक्षत्र आदि सूर्योदय के समय के हैं। समय में 1–4 मिनट का अंतर हो सकता है। व्रत या त्योहार की निर्णायक तिथि के लिए अपने पंडित जी या प्रकाशित पंचांग से मिलान करें।