धर्मसाधन

पंचांग — 20 अक्टूबर 2026

स्थान: Columbus (स्वतः) ·

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वारमंगलवार
तिथिशुक्ल पक्ष दशमी — 04:43 (अगले दिन) तक
फिर शुक्ल पक्ष एकादशी
नक्षत्रश्रवण — 08:33 तक
फिर धनिष्ठा
योगशूल — 15:20 तक
फिर गंड
करणतैतिल — 16:08 तक
फिर गर
सूर्योदय07:48
सूर्यास्त18:45
राहु काल16:01–17:23
अभिजित मुहूर्त12:54–13:38

ग्रह स्थिति (सूर्योदय के समय, निरयन)

ग्रहराशिअंशनक्षत्र (पद)
सूर्यतुला2°52′चित्रा (3)
चंद्रमकर22°57′श्रवण (4)
मंगलकर्क18°23′आश्लेषा (1)
बुधतुला25°52′विशाखा (2)
गुरुकर्क28°34′आश्लेषा (4)
शुक्रतुला8°42′स्वाति (1)वक्री
शनिमीन15°55′उत्तराभाद्रपद (4)वक्री
राहुकुंभ2°27′धनिष्ठा (3)वक्री
केतुसिंह2°27′मघा (1)वक्री

चौघड़िया

दिन

07:48–09:10रोगअशुभ
09:10–10:32उद्वेगअशुभ
10:32–11:54चरसामान्य
11:54–13:16लाभशुभ
13:16–14:38अमृतशुभ
14:38–16:01कालअशुभ
16:01–17:23शुभशुभ
17:23–18:45रोगअशुभ

रात

18:45–20:23कालअशुभ
20:23–22:01शुभशुभ
22:01–23:39रोगअशुभ
23:39–01:17उद्वेगअशुभ
01:17–02:55चरसामान्य
02:55–04:33लाभशुभ
04:33–06:11अमृतशुभ
06:11–07:49कालअशुभ

गणना खगोलीय सूत्रों से की गई है (लाहिरी अयनांश, मध्यम राहु)। तिथि, नक्षत्र आदि सूर्योदय के समय के हैं। समय में 1–4 मिनट का अंतर हो सकता है। व्रत या त्योहार की निर्णायक तिथि के लिए अपने पंडित जी या प्रकाशित पंचांग से मिलान करें।