धर्मसाधन

पंचांग — 17 नवंबर 2026

स्थान: Columbus (स्वतः) ·

← पिछला दिन · आज · अगला दिन →

वारमंगलवार
तिथिशुक्ल पक्ष अष्टमी — 19:37 तक
फिर शुक्ल पक्ष नवमी
नक्षत्रधनिष्ठा — 18:05 तक
फिर शतभिषा
योगध्रुव — 21:35 तक
फिर व्याघात
करणबव — 19:37 तक
फिर बालव
सूर्योदय07:19
सूर्यास्त17:14
राहु काल14:45–15:59
अभिजित मुहूर्त11:57–12:36

ग्रह स्थिति (सूर्योदय के समय, निरयन)

ग्रहराशिअंशनक्षत्र (पद)
सूर्यवृश्चिक0°55′विशाखा (4)
चंद्रकुंभ1°10′धनिष्ठा (3)
मंगलसिंह2°12′मघा (1)
बुधतुला12°04′स्वाति (2)
गुरुसिंह1°47′मघा (1)
शुक्रकन्या28°51′चित्रा (2)
शनिमीन14°16′उत्तराभाद्रपद (4)वक्री
राहुकुंभ0°58′धनिष्ठा (3)वक्री
केतुसिंह0°58′मघा (1)वक्री

चौघड़िया

दिन

07:19–08:34रोगअशुभ
08:34–09:48उद्वेगअशुभ
09:48–11:02चरसामान्य
11:02–12:17लाभशुभ
12:17–13:31अमृतशुभ
13:31–14:45कालअशुभ
14:45–15:59शुभशुभ
15:59–17:14रोगअशुभ

रात

17:14–19:00कालअशुभ
19:00–20:45शुभशुभ
20:45–22:31रोगअशुभ
22:31–00:17उद्वेगअशुभ
00:17–02:03चरसामान्य
02:03–03:49लाभशुभ
03:49–05:35अमृतशुभ
05:35–07:20कालअशुभ

गणना खगोलीय सूत्रों से की गई है (लाहिरी अयनांश, मध्यम राहु)। तिथि, नक्षत्र आदि सूर्योदय के समय के हैं। समय में 1–4 मिनट का अंतर हो सकता है। व्रत या त्योहार की निर्णायक तिथि के लिए अपने पंडित जी या प्रकाशित पंचांग से मिलान करें।